परिचय(Introducktion)
Haldi(Turmeric), जिसे हम हिंदी में हल्दी एवं हरिद्रा के नाम से जानते हैं|इंग्लिश में Turmeric कहा जाता है| विज्ञान की भाषा या फिर इसका Botanical name Syn.C.Longa Linn.Curcuma domestica val है|इसके अलावा यह ZINGIBERACEAE प्रजाति का पौधा माना गया है|हल्दी हमारे स्वस्थ जीवन के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण औषधि के रूप में जाना जाता है|इसका प्रयोग हम दैनिक जीवन में हमेशा से करते आए हैं|इसके अलावा हल्दी का प्रयोग विभिन्न कार्यों पर भी किया जाता है|

Haldi(Turmeric) का आज के समय में आयुर्वेदिक औषधि के रूप में बढ़ती मांग
हल्दी हमारे दैनिक जीवन में उपयोग होने वाली पौधों में से एक है|इसके अलावा हल्दी का आयुर्वेद अधिक गुणों की बात की जाए, तो इसके लिए हमें इसकी बढ़ती हुई मांगों को समझना होगा|
आज हल्दी का प्रयोग विभिन्न प्रकार के स्वास्थ संबंधी प्रोडक्ट्स बनने में हो रहे हैं|विशेष कर खाद्य पदार्थों के अलावा सौंदर्य प्रसाधनों में भी इसका प्रयोग तेजी से किया जाता रहा है|यह हमारे शरीर के लिए बहुत ही उपयोगी पदार्थ की श्रेणी में आता है|
Haldi(Turmeric) के बारे में विशेष जानकारी
इस लेख के माध्यम से आज आप हल्दी के बारे में बहुत सी जानकारियां हासिल करने वाले हैं| विशेष कर हल्दी का आयुर्वेदिक औषधि जगत में क्या महत्व है?इसका स्वरूप एवं आकार कैसा होता है, साथ ही इसे प्राप्त होने वाले रासायनिक गुण एवं संगठनों के बारे में चर्चा करेंगे|हल्दी के प्रयोग से हमें किन-किन सावधानियां एवं सीमाओं का ध्यान रखना अनिवार्य है|साथ ही साथ आधुनिक विज्ञान में हल्दी का हमारे स्वस्थ लागू में क्या महत्व होने वाला है|इन तमाम बातों के बारे में विस्तार से जानने वाले हैं|
Haldi(Turmeric) का आयुर्वेदिक औषधि के रूप में परिभाषा(definition of turmeric as an ayurvedic medicine)
हल्दी को आयुर्वेदिक औषधि के रूप में जानना
इसका हमारे दैनिक जीवन में बहुत ही विशेष महत्व माना गया है|यह हमारे लिए विभिन्न प्रकार से फायदेमंद साबित होता है|इसका प्रयोग हमारे पूर्वज बहुत पहले से करते आ रहे हैं|उदाहरण के लिए, जैसे दूध के साथ हल्दी पीना स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है|किसी प्रकार की चोट या हड्डियों के टूट में इसका इस्तेमाल किया जाता है,महिलाएं अपने त्वचा की देखभाल के लिए भी हल्दी का प्रयोग करती आई है|इसके अलावा भी बहुत से आयुर्वेदिक गुणों की भरमार है हल्दी में|हम आगे और भी जानकारी हासिल करने वाले हैं|
Haldi(Turmeric) की विशेष जानकारी एवं यह किन स्रोतों से प्राप्त किया जाता है
हल्दी का हमारे जीवन में रोजाना प्रयोग किया जाता है,साथ ही यह बहुत ही आसानी से मिलता भी है|पहले हम हल्दी के बारे में अच्छी तरह से समझते हैं|ऊपर हमने जाना कि हिंदी में हल्दी को दो नाम से जाना जाता है एक तो हल्दी, जिसे हम साधारण बोलचाल की भाषा में प्रयोग करते हैं|इसके अलावा इससे हरिद्रा के नाम से भी जाना जाता है|इंग्लिश में इसे Turmeric कहा जाता है|इसकाBotanical name Curcuma domestica है|जबकि इसकी प्रजाति ZINGIBERACEAE है|
हल्दी का आकार प्रकार एवं स्वरूप की बात की जाए तो सबसे पहले हम इसके पौधे के बारे में जानेंगे,साधारणत: इसका पौधा 2-3 फुट जमीन से ऊंचा होता है|इसकी विशेषताएं इसकी जड़,जमीन के अंदर जाती है|और इसकी जड़े ही सबसे महत्वपूर्ण अंग/हिस्सा होती है|इसकी जड़े मोटी एवं मांसल होती है|इसके अलावा जानू के अंदर ऑरेंज पित्त वर्णी रंग में होती है|इसके पत्ते केले के पत्तों समान होती है|लेकिन केले के पत्ते के अपेक्षा यह छोटे होते हैं|जो आगे की ओर से नुकीले होते हैं साथ ही इसके फूल पीले रंग में होती है|
ज्यादातर जगहों पर इसकी खेती की जाती है|और जंगली एवं ग्रामीण क्षेत्रों में यह जमीन के आधार पर कहीं भी उग सकते हैं|क्योंकि यह पूर्ण रूप से प्राकृतिक आयुर्वेदिक औषधि है|
Haldi(Turmeric) के आयुर्वेदिक औषधि के रूप में रासायनिक गुण एवं स्वास्थ्य के लिए महत्व( The chemical properties and health benefits of turmeric as an ayurvedic medicine)
Haldi(Turmeric) में पाए जाने वाले महत्वपूर्ण रासायनिक गुण,तत्व एवं संगठन
हल्दी में विभिन्न प्रकार के रासायनिक गुणों की भरमार है|इसमें बहुत से तत्वों का संगठन है|आइए हम एक-एक कर इसके सभी गुणों के बारे में जानते हैं|
जहां तक सवाल है इसके जड़ों का तो यही सबसे महत्वपूर्ण भाग होता है|क्योंकि जड़ों में ही एक सक्रिय तत्व करक्योंमेन नामक विशेष गुण पाया जाता है|साथ ही इसमें उत्पत तेल,टर्मरिक तेल तथा टपैनोईट्स की मात्रा पाई जाती है|इसके अलावा इसमें एक उड़नशील तेल जिसे करक्योंमेन, स्टार्च एल्यूमिनोइड्स घटक पाए जाते हैं| करक्योंमेन,स्नेह द्रव्य,कोलेस्ट्रॉल को गलाने के लिए सबसे बेहतरीन औषधि के रूप में जाने जाती है|
Haldi(Turmeric) का हमारे शरीर में प्रमाण डालने वाले गुण:::
हल्दी में बहुत सारे विशेष गुण होते हैं|जो कि हमारे स्वास्थ्य को अच्छे होने के लिए सहायक होती है|यहां कुछ महत्वपूर्ण गुणों की जानकारी को बताया गया है |
- हल्दी सुगंधित होता है|किसी भी पदार्थ को सुगंधित बनाने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है|
- किसी भी खाद्य पदार्थ को लंबे समय तक रखने के लिए हल्दी का प्रयोग किया जाता है|
- शरीर में उत्तेजना प्रदान करने के लिए इसका प्रयोग किया जाता है क्योंकि यह उत्तेजक आयुर्वेदिक औषधि माना जाता है|
- रक्त को शुद्ध करता है|आयुर्वेदिक जगत में इसे रक्त शोधन के रूप में जाना जाता है|
- विभिन्न प्रकार की बीमारियों एवं बुखार ठीक करने का काम आता है|
- किसी प्रकार का अप्रिय भोजन या विषैला भोजन को शरीर से बाहर निकलने में हल्दी का बहुत उपयोग किया जाता है|
- इसके अलावा इसमें और भी बहुत सारे महत्वपूर्ण गुणों की भरमार है, जैसे: यह पाचन क्रिया को बेहतर बनाता है,सांस संबंधित रोगों से आराम दिलाता है|
Haldi(Turmeric) के आयुर्वेदिक औषधि के रूप में उपयोग एवं इससे होने वाले विभिन्न फायदे(The use of the turmeric as an ayurvedic medicine and its various benefits)
इस का हमारे दैनिक जीवन में स्वास्थ्य लाभ एवं बहुत सारे फायदे हैं|इसे हर इंसान जानता है कि हल्दी एक प्रकार का घरेलू नुस्खा है|पहले जमाने के लोग किसी भी स्वास्थ्य संबंधी समस्या के लिए तुरंत हल्दी का प्रयोग करते थे|इसका प्रयोग हमारे दैनिक जीवन में विभिन्न प्रकार से होती है|उदाहरण के लिए स्वास्थ संबंधी मामलों में,पूजा पाठ एवं सौंदर्य प्रसाधनों के अलावा बहुत सारे लाभदायक प्रोडक्ट्स के निर्माण में इस्तेमाल किया जाता है|
हल्दी का उपयोग एवं इसका हमारे जीवन में उपभोग
- बार-बार या फिर लगातार होने वाली सर्दी जुकाम या फिर नाक का बहाना-जब किसी व्यक्ति को लगातार या फिर बार-बार नाक बहने की समस्या,छींक आना या फिर सर भारी या सर दर्द की समस्या रहती है|जिसे मेडिकल की भाषा में chronic rhinitis भी कहा जाता है|इसके समाधान के लिए यह बहुत ही उपयोगी माना जाता है|
- खांसी के लिए यह बहुत लाभदायक होता है|
- किसी प्रकार की त्वचा संबंधित या चर्म रोग में यह बहुत काम आता है|इसके लिए यह एक कारगर औषधि माना गया है|
- पेट के कृमियों के नाश के लिए|
- मधुमेह की समस्या में
- इसके अलावा और भी बहुत सारे समस्याओं के समाधान के लिए हल्दी का प्रयोग किया जाता है| इस प्रकार से इसका प्रयोग मूत्र संबंधी रोग,सूजन की समस्या,पांडु रोग,पाचन प्रणाली को ठीक करने में,आंखों की समस्याओं के लिए,रक्त को साफ करने के लिए भी हल्दी का प्रयोग किया जाता है|इसके साथ ही यकृत की समस्याओं में इसका उपयोग किया जाता है|
हल्दी का प्रयोग दीर्घकालीन स्वस्थय लाभों के लिए
इसके प्रयोग से शरीर एवं मन का बेहतर संतुलन बना रहता है|इसलिए इसे किसी प्रकार की कोई साइड इफेक्ट नहीं होता|साथ ही यह पूर्ण रूप से प्राकृतिक एवं सुरक्षित विकल्प माना जाता है|
हल्दी के प्रयोग के लिए कुछ सावधानियां एवं सीमाएं(some precautions and limitations for the use of Turmeric)
हल्दी एक प्राकृतिक एवं पूर्ण रूप से आयुर्वेदिक वनस्पति औषधि होता है|इसमें बहुत सारे लाभ पाए जाते हैं|साथ ही यह कहीं भी आसानी से उपलब्ध होता है|पहले हमारे पूर्वज या फिर हमारे घरों में दादा-दादी के समय हल्दी से ही विभिन्न प्रकार की औषधि या फिर घरेलू उपचारों का निर्माण किया और ठीक भी किया जाता था|अभी भी मुझे याद है कि जब हम छोटे थे तो हमारे घरों के पालतू जानवरों के हड्डियों के टूटने या फिर गंभीर चोटों में हल्दी का प्रयोग किया जाता आया है|
इसके लिए हम पहले कच्ची हल्दी को पत्रों में पिसते थे और जहां चोट लगा हुआ हो वहां पर इसका लेप लगा देने से, यह तुरंत ठीक हो जाता था| यह तरीका आज भी घरेलू उपचार के नाम से चला आ रहा है|
परंतु आपको इसके प्रयोग को ध्यान से एवं जानकारी लेकर ही करना चाहिए|
- सबसे पहले तो आपके बिना जानकार की सलाह के इसका प्रयोग नहीं करना चाहिए|
- हल्दी में किसी प्रकार का कोई नुकसान तो नहीं है परंतु इसे गर्भवती महिला एवं बच्चों के ऊपर प्रयोग ना ही करें तो अच्छा है|
- इसके विपरीत यदि कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार की बीमारी के लिए मेडिसिन का इस्तेमाल कर रहा हो, तो हल्दी का प्रयोग से पहले डॉक्टर से परामर्श अवश्य लें|
आधुनिक विज्ञान में Haldi(Turmeric) का आयुर्वेदिक औषधि के रूप में मेल(The harmony between modern science and turmeric as an ayurvedic medicine)
हल्दी को वैज्ञानिक शोधों द्वारा प्रमाणित एवं निर्मित विभिन्न प्रकार की औषधियां
इस संदर्भ में यदि हम हल्दी विभिन्न सक्रिय घटक करक्यूमिन(curcumin) के बात करें तो इसमें अनेको वैज्ञानिक शोध हुए हैं|साथ ही इसके औषधि गुणों की पुष्टि की गई है|फार्मास्यूटिकल जगत में हल्दी के उपयोग से विभिन्न प्रकार की औषधियां का निर्माण किया गया है|आपको कुछ महत्वपूर्ण दवाइयां के बारे में बताया जा रहा है|
1.करक्यूमिन(curcumin)टैबलेट: सबसे महत्वपूर्ण बात यह,टैबलेट,हल्दी को पूरी तरह से शुद्ध कर के बनाया जाता है| खासकर इसका प्रयोग त्वचा संबंधी रोगों के लिए,गठिया एवं विभिन्न प्रकार के रोगों से लड़ने के लिए इस्तेमाल किया जाता है|
कुछ महत्वपूर्ण ब्रांड: Organic india curcumin, Himalaya curcumin इत्यादि|
2.त्वचा क्रीम एवं ऑइंटमेंट( Turmeric creams and ointments): हल्दी बहुत ही लाभदायक एवं आयुर्वेदिक होता है|जिसके कारण इसका प्रयोग जीवाणुरोध गुणों के लिए इस क्रीम एवं विभिन्न प्रकार के मलहम के निर्माण में किया जाता है|जैसे: जलन,त्वचा के संक्रमण,कील मुंहासे एवं शरीर में होने वाले फोड़े फुंसियों के लिए प्रयोग किया जाता है|
3.Turmeric immunity boosters के निर्माण के लिए: जिस रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है|
4.Curcumin injection-clinical इस्तेमाल में|
5.हल्दी से आधारित औषधि सप्लीमेंट में इसका प्रयोग किया जाता है|(Nutraceuticals)
6.कुछ महत्वपूर्ण Scientific evidence( वैज्ञानिक प्रमाण)|
- Neuro protective: मस्तिष्क के सुरक्षा के लिए इसका प्रयोग किया जाता है जैसे अल्जाइमर संबंधी में यह लाभदायक होता है|
- antioxidant: इससे शरीर में होने वाले ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस में कमी आती है|
- anti cancer potential:इससे कैंसर कोशिकाओं की वृद्धि को रोकथाम में मदद मिलती है|
- Anti inflammatory: यह पूर्ण रूप से प्राकृतिक आयुर्वेदिक औषधि होने के नाते सूजन रोधी होता है|
निष्कर्ष( Conclusion)
इस लेख के माध्यम से हमने हल्दी के विभिन्न प्रकार के स्वस्थ लाभ,आकार प्रकार,स्वरूप,रासायनिक गुण,तत्वों के अलावा इसके लिए बरतने वाली सावधानियां के बारे में जानकारी हासिल किया|
साथ ही हल्दी का उपयोगकर हम किन स्वास्थ संबंधी समस्याओं से निवारण का सकते हैं इसके बारे में जाना|
पाठकों के लिए विशेष रूप से यह अनुरोध है कि यदि आप अपने स्वास्थ के प्रति पूरी तरह से गंभीर हैं|अभी आपका स्वास्थ्य ठीक है और आगे भी आप इसी तरह से स्वस्थ रहना चाहते हैं तो आपको पूर्ण रूप से प्राकृतिक एवं आयुर्वेदिक औषधि के बारे में जानने की जरूरत है|और इसके लिए आपको सारी जानकारी हमारी वेबसाइट www.Imhoro.com पर मिल जाएगी|इसमें आपको स्वास्थ्य संबंधी सारी जानकारी उपलब्ध हो जाएगी|साथ हि आप अपने स्वास्थ्य का ध्यान कैसे रख सकते हैं इसकी संपूर्ण गाइडलाइन मिल जाएगी|
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल(FAQs)
Q.क्या हल्दी का सेवन कोई भी Age में किया जा सकता है?
A.हां बिल्कुल,परंतु बेहतर स्वास्थ्य के लिए आपको इसे दूध के साथ इस्तेमाल करना चाहिए |
Q. क्या हल्दी की कोई साइड इफेक्ट है?
A.बिल्कुल नहीं,यह सब के लिए ठीक होता है,इसके कोई भी साइड इफेक्ट नहीं है|
Q.हल्दी को हम कहां से खरीदें?
A.यदि आप खड़ा/गोटा हल्दी खरीदना चाहते हैं,तो आप कोई भी ग्रॉसरी स्टोर से खरीद सकते हैं| आप ऑनलाइन प्लेटफॉर्म या फिर किसी भी विश्वसनीय स्रोतों से खरीद सकते हैं|यहां आसानी से कहीं भी उपलब्ध है|
Q.क्या यह पूरी तरह से प्राकृतिक है?
A.हां बिल्कुल,यहां पूर्ण रूप से प्राकृतिक एवं आयुर्वेदिक की श्रेणी में आता है|
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written by Suraj Horo